युवा हल्ला बोल के संस्थापक अनुपम हो सकते हैं सुपौल लोकसभा से उम्मीदवार
जानकार इसे कांग्रेस पार्टी का मास्टरस्ट्रोक बता रहे हैं। विपक्ष की कोशिश है बेरोज़गारी को इस चुनाव में बड़ा मुद्दा बनाने की। रोज़गार को राष्ट्रीय बहस का मुद्दा बनाने में अनुपम की बड़ी भूमिका रही है।
अनुपम को साथ लाने से कांग्रेस की कई राज्यों में ताकत बढ़ेगी। खास तौर पर युवा वर्ग में अनुपम की जबरदस्त लोकप्रियता है। सूत्रों का कहना है कि राहुल गाँधी ने जो युवा न्याय के लिए पाँच गारंटियों की घोषणा की है, वो अनुपम की मांगों से भी प्रभावित है।
ज़मीन से उठे युवा नेता को संसद भेजकर कांग्रेस पार्टी अपनी परिवारवादी छवि से अलग एक नया संदेश देना चाहती है। जानकार इसे कांग्रेस पार्टी का मास्टरस्ट्रोक बता रहे हैं। विपक्ष की कोशिश है बेरोज़गारी को इस चुनाव में बड़ा मुद्दा बनाने की। रोज़गार को राष्ट्रीय बहस का मुद्दा बनाने में अनुपम की बड़ी भूमिका रही है।
कोसी क्षेत्र में भी अनुपम की अच्छी पकड़ और स्थानीय मुद्दों की ठोस समझ है। आजकल वो कोसी के पांच अभिशापों के खिलाफ अभियान चला रहे हैं। पिछले साल अक्टूबर में सुपौल गांधी मैदान में उनकी महारैली में भारी जनसैलाब उमड़ा था। अनुपम से संपर्क न हो पाने के कारण इस खबर पर उनकी टिप्पणी नहीं मिल पायी हैं।

